मंत्र नवकारा हृदय में धर | Mantr Navakara Hriday Men Dhar

मंत्र नवकारा हृदय में धर

मंत्र नवकारा हृदय में धर लिया,
उसने जीते कर्म शिव को वर लिया ।।
मंत्र मे अरिहन्त सिद्धों को नमन,
उसने आतम सिद्ध अपना कर लिया ।।उसने जीते ..।।

भाव से आचार्य को वंदन किया,
ज्ञान मोती से ये दामन भर लिया ।।उसने जीते ..।।

भक्ति से उवज्झाय को कीना नमन,
उसने जडता का अंधेरा हर लिया ।।उसने जीते ..।।

सर्व साधु तारने को नाव है,
जो चढा इस नाव पे भव तर लिया ।।उसने जीते ..।।

मंत्र तीनो लोक में ऐसा नहीं,
जिन जपा जीवन सफ़ल प्रभु कर लिया ।।उसने जीते ..।।


स्रोत: जैन भजन पूजा पाठ, पृष्ठ २२२