खेल-खेल में शब्दों का मेल — जैन स्वाध्याय सामग्री | Khel-Khel Mein Shabdon Ka Mel

खेल-खेल में शब्दों का मेल

खेल-खेल में शब्दों का मेल

निदेशक- डॉ. बी.सी. जैन

नियमावली:-

  • आपको एक वाक्य बताया जाएगा और उसके साथ एक हिंट आपको दी जाएगी।
  • आपको उस वाक्य में छिपे हुए शब्द को ढूंढना होगा।
    उदाहरण : कुछ ना कहो, चुप ही रहो।
    हमें कैसा पानी प्रयोग में लेना चाहिए ?
    उत्तर - छना

खोजो कौन ?

मुनियों को मोक्ष मार्ग है प्यारा
दस धर्मों में से एक

खोजो कौन ?

एक बार करो आत्मानुभव फिर
सहज रहो
पंच इन्द्रिय के विषयों में से एक

सरपट, आराध्या नटखट हो गई।
आभ्यंतर तप का एक भेद?

ये खेल है दूसरा गगन छुआ तो जीत
विकारी भाव

खोजो कौन ?

धर्म धुरंधर रेवती रानी लहरों से न
घबराती वो
लेश्या में से एक

खोजो कौन ?

छम-छम बारिश में, छाया छत पर
छाता लेकर गई।
छह आवश्यक में से एक आवश्यक

खोजो कौन ?

ताकतवर बंसी तारे को ताकता
ताकता तखत पर सो गया।
एक महासती का नाम

खोजो कौन ?

कवि नयन कविता कहकर निकल लिए।
तप का एक भेद

खोजो कौन ?

आगम के प्रश्नों का उत्तर केवल
ज्ञानचंदजी ही दे सकते हैं।
ज्ञान का एक भेद

खोजो कौन ?

चलो भईया रास्ता नापो।
बहुत सारी पेन्सिल्स होने पर भी और
पेन्सिल्स की चाह

उत्तरमालिका:-

  1. क्षमा
  2. रस
  3. ध्यान
  4. राग
  5. नील लेश्या
  6. तप
  7. सीता
  8. विनय
  9. केवलज्ञान
  10. ध्यान

जय जिनेन्द्र

www.jainpathshalajaipur.com
Youtube: Jain Pathshala Jaipur
E-mail: [email protected]
Phone : 0141-3567401, 8619804009, 8955872717

विशेष सहयोग- समकित शास्त्री


:paperclip: मूल दस्तावेज़ (PDF): 1918.pdf

स्रोत: Gyata संग्रह।

प्रूफरीडिंग बाकी है