जाप देने की संपूर्ण विधि किसप्रकार है?

णमोकार मंत्र का स्मरण एवं कायोत्सर्ग में क्या विविधता एवं समानता है स्पष्ट करें। इसका क्या प्रमाण है ? इसका कोई उल्लेख पुरातन काल में हो तो वह भी बतावें ?
जाप/माला १०८ बार ही क्यों लगाई जाती है?